शिकायतों के निराकरण में अधिकारियों की जवाबदेही तय हो – बोले मुख्यमंत्री

खबर अच्छी लगी हो तो निचे दिए गये बटन को दबाकर शेयर करें

अनोखी आवाज ,मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि शिकायतों के निराकरण में अधिकारियों की जवाबदेही तय होनी चाहिए। समय पर लाभ नहीं देने वाले अधिकारियों-कर्मचारियों पर कड़ी कार्यवाही की जाये। लंबित आवेदनों का निराकरण अभियान चलाकर किया जाये। मुख्यमंत्री श्री चौहान आज मंत्रालय में समाधान ऑनलाइन कार्यक्रम की वीडियो

कॉन्फ्रेंसिंग में अधिकारियों को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने शिकायतों के निराकरण में लापरवाही बरतने वाले दो अधिकारियों एसडीएम शहडोल और सहायक आयुक्त खरगोन को निलंबित करने के निर्देश दिए। मुख्य सचिव श्री इकबाल सिंह बैंस, प्रमुख सचिव श्री मनीष रस्तोगी सहित जिलों के कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक और अन्य अधिकारी शामिल थे।

मुख्यमंत्री श्री चौहान ने सीएम हेल्पलाइन में उच्च प्रदर्शन करने वाले जिलों, अधिकारियों, विभागों को बधाई दी और निम्न प्रदर्शन वालों को सुधार करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने जिला कलेक्टर्स से कहा कि बिजली, साफ-सफाई, छात्रवृत्ति, सीवेज आदि की शिकायतों का निराकरण प्राथमिकता से करें।

मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि योजनाओं का लाभ देना और व्यवस्थाओं को बनाकर रखना गुड गवर्नेंस हैं। जिन विभागों की समस्याएँ ज्यादा हैं, उनकी समीक्षा की जाये। जिला एवं राज्य स्तर पर शिकायतों की सतत समीक्षा हो। सीएम हेल्पलाइन में शिकायतों की पेंडेंसी नहीं रहे। उन्होंने कहा कि शिकायतों के निराकरण के आधार पर जिलों की रैंकिंग की जा रही है।

मुख्यमंत्री श्री चौहान ने जिले की रैंकिंग में सर्वाधिक सुधार करने वाले जिलों की प्रशंसा एवं गिरावट वाले जिलों को बेहतर कार्य कर सुधार करने की जरूरत बताई। उन्होंने कहा कि यह प्रतिस्पर्धा निरंतर जारी रहे। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि समाधान एक दिवस में अधिकारी गंभीरता से कार्य करें।

मुख्यमंत्री श्री चौहान ने प्रदेश में राशन का व्यवस्थित ढंग से वितरण कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राशन संबंधी शिकायतें सही पाये जाने पर सख्त कार्यवाही करें। इस संबंध में उन्होंने राजगढ़ और अशोकनगर कलेक्टर को आवश्यक निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने सभी कलेक्टर्स से कहा कि राशन गरीबों का भोजन है, इसमें शिकायतें नहीं मिलना चाहिए।

आवेदनों का निराकरण और अधिकारियों को निर्देश

मुख्यमंत्री श्री चौहान ने भोपाल के आवेदक श्री जगदीश चौहान की बेटी के जन्म प्रमाण-पत्र एवं गुना के आवेदक श्री मुकेश शर्मा के प्रसूति सहायता संबंधी आवेदन का निराकरण समय पर नहीं होने पर अप्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि सीएम हेल्पलाइन के माध्यम से शिकायतों के निराकरण की व्यवस्थाओं में सुधार हो। दोषी पाये जाने पर संबंधित पर कार्यवाही सुनिश्चित हो।

मुख्यमंत्री श्री चौहान ने पन्ना के आवेदक श्री दीपक नाथ की शिकायत के मामले में गुमशुदा बालिका को ढूँढ़ने के लिए पुलिस अधीक्षक को निर्देशित किया। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में गंभीरता से कार्यवाही होनी चाहिए। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने मुरैना के आवेदक श्री टिंकू शर्मा की शिकायत के मामले में कहा कि शौचालय की राशि का शीघ्र भुगतान सुनिश्चित करें। ऐसे अन्य मामलों में भी शीघ्रता से राशि का भुगतान करें। मुख्यमंत्री ने नरसिंहपुर के आवेदक श्री सुरेन्द्र से शिकायत की जानकारी ली और ऋण स्वीकृति में विलम्ब होने पर अप्रसन्नता व्यक्त की।

मुख्यमंत्री श्री चौहान ने अनूपपुर के आवेदक श्री ज्ञान सिंह को भूमि का अवार्ड पारित होने के बाद भी मुआवजा राशि का भुगतान नहीं होने पर एसडीएम को जवाबदार माना। इस संबंध में शहडोल कमिश्नर को जाँच करने और तत्काल एसडीएम श्री मिलिंद नागदेवे को सस्पेंड करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जो भी इसमें शामिल होंगे उन्हें छोड़ेंगे नहीं। मुख्यमंत्री ने खरगौन की आवेदिका सुश्री उपासना बडोले की शिकायत सुनी। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने आवास सहायता योजना की राशि की शिकायत फोर्स क्लोज करने पर सहायक आयुक्त आदिवासी विकास को सस्पेंड करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि तकनीकी कारणों से सहायता देने में विलम्ब न हो।

मुख्यमंत्री श्री चौहान को श्योपुर के आवेदक श्री योगेन्द्र महेश्वरी ने बताया कि उनकी समस्या हल हो गई है। उन्हें लोन मिल गया है। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि प्रदेश में लंबित अन्य प्रकरणों का निराकरण शीघ्र हो। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने भोपाल की आवेदक श्रीमती संगीता चौकसे की शिकायत सुनी। बैतूल के श्री आयुष भार्गव से शिकायत की जानकारी ली। उन्होंने एक्सीडेंट के प्रकरण में मानवीय आधार पर विशेष प्रकरण मानकर आयुष को लाभ देने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने सभी कलेक्टर्स को भयानक सर्दी को देखते हुए गरीबों के लिए आवश्यक व्यवस्थाएँ करने के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री श्री चौहान ने अधूरे निर्माण कार्यों को पूरा करने के‍ लिए लोक निर्माण विभाग को निर्देशित किया। उन्होंने चिकित्सा शिक्षा विभाग को प्रसूति सहायता के प्रकरणों, मेडिकल कॉलेज एवं हॉस्पिटल में आवश्यक समस्त सुविधाओं का लाभ देने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री वन विभाग में मजदूरी और सामग्री क्रय के भुगतान की शिकायतों का शीघ्रता से निराकरण करने को कहा।

खबर अच्छी लगी हो तो निचे दिए गये बटन को दबाकर शेयर करें

Leave a Reply

Your email address will not be published.